मैकियावेली आधुनिक राजनीतिक चिंतन का जनक

  मैकियावेली आधुनिक राजनीतिक चिंतन का जनक अधिकांश विद्वान मैकियावेली को आधुनिक युग का जनक मानते हैं। एक ओर उसे मध्ययुग का अंतिम विचारक कहा जा सकता है तो दूसरी ओर आधुनिक युग में प्रथम। मैकियावेली को आधुनिक युग का जनक कहने का तात्पर्य यही है कि आधुनिक युग मैकियावेली से प्रारंभ होता है और …

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मैकियावेली अपने युग का शिशु

  मैकियावेली अपने युग का शिशु के रूप में  सामान्यतः प्रत्येक दार्शनिक एवं विद्वान अपने युग का शिशु होता है क्योंकि उसके चिंतन पर समकालीन परिस्थितियों, घटनाओं एवं प्रचलित विचारधाराओं का प्रभाव पड़ता ही है और वह अपने देश और काल के रंग में रंगा होता है, परंतु फिर भी राजनीतिक विचारों के इतिहास में …

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मैकियावेली के विधि और विधि निर्माता संबंधी विचार

विधि के संबंध में मैकियावेली के विचार अत्यंत ही संकुचित हैं। वह मध्यकालीन विचारकों की तरह प्राकृतिक अथवा दैवीय विधियों में विश्वास नहीं करता है। वह केवल नागरिक विधियों की कल्पना करता है, जो शासक के द्वारा बनायी जाती है। उसके अनुसार राज्य की स्थापना के पूर्व कोई कानून अथवा व्यवस्था का अस्तित्व नहीं था। …

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मैकियावेली के राज्य संबंधी विचार

  मैकियावेली के राज्य संबंधी विचार राज्य की उत्पत्ति : यद्यपि मैकियावेली ने राज्य की उत्पत्ति पर स्पष्ट रूप से अपने विचार व्यक्त नहीं किये हैं परंतु फिर भी यत्र तत्र इस विषय में उसके कुछ विचार पढ़ने को मिलते हैं। मैकियावेली राज्य की उत्पत्ति का कारण मनुष्य के आसुरी और स्वार्थी स्वभाव को मानता …

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भारतीय विदेश नीति:अर्थ,उद्देश्य,विशेषताएं

            CONTENT: विदेश नीति का अर्थ, ऐतिहासिक पृष्ठभूमि, भारतीय विदेश नीति के उद्देश्य, भारतीय विदेश नीति के निर्धारक तत्व, प्रमुख विशेषताएं या सिद्धांत, विदेश नीति का अर्थ विदेश नीति एक निरंतर चलने वाली प्रक्रिया है, जहां विभिन्न कारक (विभिन्न देश) विभिन्न स्थितियों में अलग-अलग प्रकार से एक दूसरे को प्रभावित …

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भारतीय संविधान के स्त्रोत

संविधान निर्माता अनेक स्थानों से संविधान निर्माण के लिए विषय वस्तु का संकलन करते हैं। संविधान सभा द्वारा निर्मित लिखित दस्तावेज ही संविधान नहीं होता। संविधान की विचारधारा, मान्यताएं एवं दर्शन को कहीं न कहीं से प्रेरणा अवश्य मिलती है। संविधान निर्मित शासन तंत्र का आधार भी किसी न किसी अन्य तंत्र से स्फूर्ति ग्रहण …

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आसियान : दक्षिण पूर्व एशियाई देशों का संगठन

               संदर्भ  परिचय, आसियान की स्थापना, आसियान सदस्य राष्ट्र, आसियान के उद्देश्य, आसियान के प्रमुख अभिकरण, आसियान के शिखर सम्मेलन, आसियान की भूमिका। परिचय ‘दक्षिण पूर्वी एशिया’ शब्द का प्रयोग उन देशों के लिए किया जाता है, जो हिंद महासागर के पूर्व तथा पश्चिमी प्रशांत महासागर के क्षेत्र में …

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हीगल का द्वन्द्ववाद का विचार

              CONTENT हीगल का द्वन्द्ववाद का विचार द्वन्द्ववाद की आलोचना द्वन्द्ववाद का महत्व हीगल का द्वन्द्ववाद का विचार उसके सभी महत्वपूर्ण विचारों में से एक प्रमुख विचार है। यह विश्व इतिहास की सही व्याख्या करने का सबसे अधिक सही उपकरण है। हीगल ने इस उपकरण की सहायता से अपने दार्शनिक …

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मिल की प्रतिनिधि शासन संबंधी अवधारणा

             सन्दर्भ  परिचय, प्रजातंत्र के पक्ष में तर्क, प्रजातंत्र के प्रकार, प्रतिनिधि शासन का सिद्धांत, सरकार के कार्य, सच्चे प्रजातंत्र के लिए सुझाव, आलोचनाएं, परिचय – मिल ने प्रजातांत्रिक शासन व्यवस्था पर अपने विचार अपनी पुस्तक प्रतिनिधि शासन (representative government) में व्यक्त किया है। मिल ने शासन की उस प्रणाली …

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जे. एस. मिल का स्वतंत्रता संबंधी विचार

         CONTENT परिचय, स्वतंत्रता पर निबंध लिखने की प्रेरणा, स्वतंत्रता की परिभाषा, स्वतंत्रता के दार्शनिक आधार, स्वतंत्रता के प्रकार, स्वतंत्रता पर सीमाएं , आलोचनाएं, परिचय – जॉन स्टूअर्ट मिल का स्वतंत्रता संबंधी विचार ऑन लिबर्टी (1859) नामक ग्रंथ में निहित है। मिल का स्वतंत्रता संबंधी ग्रंथ अंग्रेजी भाषा में स्वतंत्रता के समर्थन …

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